सनातनी विचार :---
जब भगवान अपने को विषपान कराने वाली पूतना को अपना परम धाम दे सकते है, योगियों को भी दुर्लभ है जो पदवी माँ की उपाधि से अलंकृत कर सकते है, तो बताओ जो भगवान से प्रेम करते है, इस कठिन कलिकाल में उनकी प्राणो से भी प्यारी गय्यो के लिए समय निकल कर भोजन - चारे की व्यवस्था करते है तो उनको कोन सी गति देंगे ? ''नयाल सनातनी'' संस्थापक ;--- सर्वदलीय गौरक्षा मंच
जब भगवान अपने को विषपान कराने वाली पूतना को अपना परम धाम दे सकते है, योगियों को भी दुर्लभ है जो पदवी माँ की उपाधि से अलंकृत कर सकते है, तो बताओ जो भगवान से प्रेम करते है, इस कठिन कलिकाल में उनकी प्राणो से भी प्यारी गय्यो के लिए समय निकल कर भोजन - चारे की व्यवस्था करते है तो उनको कोन सी गति देंगे ? ''नयाल सनातनी'' संस्थापक ;--- सर्वदलीय गौरक्षा मंच
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