सनातनी विचार !
I सृष्टि नियंत्रणकर्ता भगवान पशुपतिनाथ माता पार्वती से कहते है I
हे देवी ! १ - दूध देने वाली गौ - पालन करने से सामान्य फल प्राप्त होता है।
२ - बिना दूध देने वाली गाय का पालन पर मनुष्य दूना फल प्राप्त करता है।
३ - अपंग बूढ़ी गौवंश का पालन अपने बीमार माता - पिता की तरह करने पर मनुष्य पाँच गुना फल पाता है।
४ - कसाई / काटने वाले से सामान्य से अधिक मूल्य देकर शक्ति से छुड़ाकर गौपालन करता है उसे दस गुना पुण्य प्राप्त होता है।
हे देवी ! ५ - इस प्रकार सौ या सौ से अधिक गायों को कसाई से लेकर जो मनुष्य शक्तिपूर्वक पालता है या गौओ की प्राण रक्षा के लिए प्राण त्याग करता है वह मेरे बराबर होकर इस लोक में सुख भोग कर अंत में वह मुझ में विलीन हो जाता है उसका पुनर्जन्म नहीं होता। ये राम नाम की तरह सत्य है।
गौ संवर्धन - संरक्षण करने के लिए उन्नत किस्म की देशी गौवंश का पालन करने वाला मनुष्य अक्षय पुण्य का भागी होता है। और वह अपनी आगे कि पीछे की १०० पीडियो का उद्धारक बन जाता है।
प्रस्तुति -- राजर्षि धर्मवीर ठाकुर जयपाल सिंह नयाल संस्थापक ;-- सर्वदलीय गौरक्षा मंच। sarvadaliyagaurakshamanch.com/
I सृष्टि नियंत्रणकर्ता भगवान पशुपतिनाथ माता पार्वती से कहते है I
हे देवी ! १ - दूध देने वाली गौ - पालन करने से सामान्य फल प्राप्त होता है।
२ - बिना दूध देने वाली गाय का पालन पर मनुष्य दूना फल प्राप्त करता है।
३ - अपंग बूढ़ी गौवंश का पालन अपने बीमार माता - पिता की तरह करने पर मनुष्य पाँच गुना फल पाता है।
४ - कसाई / काटने वाले से सामान्य से अधिक मूल्य देकर शक्ति से छुड़ाकर गौपालन करता है उसे दस गुना पुण्य प्राप्त होता है।
हे देवी ! ५ - इस प्रकार सौ या सौ से अधिक गायों को कसाई से लेकर जो मनुष्य शक्तिपूर्वक पालता है या गौओ की प्राण रक्षा के लिए प्राण त्याग करता है वह मेरे बराबर होकर इस लोक में सुख भोग कर अंत में वह मुझ में विलीन हो जाता है उसका पुनर्जन्म नहीं होता। ये राम नाम की तरह सत्य है।
गौ संवर्धन - संरक्षण करने के लिए उन्नत किस्म की देशी गौवंश का पालन करने वाला मनुष्य अक्षय पुण्य का भागी होता है। और वह अपनी आगे कि पीछे की १०० पीडियो का उद्धारक बन जाता है।
प्रस्तुति -- राजर्षि धर्मवीर ठाकुर जयपाल सिंह नयाल संस्थापक ;-- सर्वदलीय गौरक्षा मंच। sarvadaliyagaurakshamanch.com/
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